मेरी "मोहब्बत "
जाम पीला दे ऐसा तू मुझे साखी,
बस तू ही दीखे और कोई न देखे/
टंडी टंडी हवा जोरो से चले
शास तेरी गरम गरम बुलाती मुझे | जाम पिला ..|
बस तू ही दीखे और कोई न देखे/
टंडी टंडी हवा जोरो से चले
शास तेरी गरम गरम बुलाती मुझे | जाम पिला ..|
तमना है बस आखरी मेरी
तेरे लहू से मिल जाऊ सरबत की तरह,
चलता रहू तेरे दिल मे घडी की तरह
अल्ल्बीदा कर दू दुनीया से लैला मजनू की तरह/तमना है..|
तेरे लहू से मिल जाऊ सरबत की तरह,
चलता रहू तेरे दिल मे घडी की तरह
अल्ल्बीदा कर दू दुनीया से लैला मजनू की तरह/तमना है..|
बेसुमार मोहब्बत है तेरे से मुझे जान
ले
जिसकी कोई माप नहीं है इस दुनीया मै,
बस इतना सच सच बता सकता तुझे ,
जिसकी कोई माप नहीं है इस दुनीया मै,
बस इतना सच सच बता सकता तुझे ,
मेरी मोहबत की गहराही है सागर से जायदा |बेसुमार मोहब्बत ..|
देखते ही तुझे मुह्ब्बत का नशा आ
जाता है,
सारे गम के पहाड़ न जाने कहाँ चला जाता है,
जन्नत चारो तरफ छा जाता है
तेरे से बात करने मे बहुत मजा मुझे आता है/
सारे गम के पहाड़ न जाने कहाँ चला जाता है,
जन्नत चारो तरफ छा जाता है
तेरे से बात करने मे बहुत मजा मुझे आता है/
अगर तुझे कोई सक है मेरी मोहब्बत पर,
देख ले जरा कभी भी मेरे दिल के आईने मे,
बस तू पायगी कुछ नही सिर्फ तेरी सूरत की सिवा,
हैरान हो जायेगी तू देखकर मेरी मुहब्बत की सकल | अगेर तुझे..|/
देख ले जरा कभी भी मेरे दिल के आईने मे,
बस तू पायगी कुछ नही सिर्फ तेरी सूरत की सिवा,
हैरान हो जायेगी तू देखकर मेरी मुहब्बत की सकल | अगेर तुझे..|/
जीना बेकार है तेरी
मोहब्बत के बिना,
तेरी सूरत ही मेरे दिल की धड़कन है
तेरी मोहब्बत ही मेरी ज़िन्दगी है,
सच मे तू मोहब्बत की राह मै भोलीहै
तेरी मोहब्बत ही मेरी ज़िन्दगी है,
सच मे तू मोहब्बत की राह मै भोलीहै
एम ० एस लाल(नरेश )
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