“ मोहब्बत “
तेरी खुसी है मेरी खुसी
तेरा गम है मेरा
गम
जाहिर केसे करु तुझे
दिल मे
है बस तेरा चेहरा | तेरी खुसी..|
तनहा जिन्दगी कटती
नही
चेन कही
दूर गयी
नीद रूठ कर
जाने कहाँ गयी
बिन तेरे जवानी
ढल ने लगी |
जीना मुस्किल
हुवा मेरा
ख्याल न है तुझे
मेरा
घर आफतो का बन गया मेरा
अँधेरा छाया
मन मे मेरा |
नराजगी भूल कर आ
जा पास मेरे
फैशला कर ले सारे नाराजगी का सभी
खुशनुमा कर ले जिन्दगी अपनी और मेरी
दुनिया जान
जाये प्यार ही है जिन्दगी |नाराजगी
भूल|
ऐम०ऐस लाल (नरेश)
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