" चुनाव "
चुनाव आया chunav आया
आलोचनाओं का माहौल लाया
प्रचार सब ओर छाया
राज्य नैतिक दल ने ढोल बजाया |
नेतागीरी है लाभकारी धंधा
है यह बहुत गंदा
है नहीं हानी का धंधा
है अलप समय मे पेंशनवाला धंधा |
चुनाव मे धन लगाओ
मुचवल फण्ड से जायदा पाओ
पांच वर्ष तक खूब कमाओ
मुफ्त मे सारी सुविधा पाओ |
शिछा की नहीं है जरूरत
चाय पकोड़ा बेचनेवाला
चुनाव जीत कर मंत्री बनजाता
साड़ी मलाई खुद खा जाता |
भारत वर्ष है बड़ा महान
नेता खता बंगला पान
झूठो का होता भ्राता
अपराधीओ का जीवन- दाता |
डॉ. एम० ऐस० लाल
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